हरियाणवी फिल्म मुआवजा की स्क्रीनिंग से सुपवा में इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल प्रारंभ
पहले दिन 16 फिल्मों की स्क्रीनिंग, मास्टर क्लास में सिखाई फिल्म निर्माण की बारीकियां; अवॉर्ड समारोह आज।
रोहतक, गिरीश सैनी। दादा लख्मी चंद राज्य प्रदर्शन एवं दृश्य कला विवि (डीएलसी सुपवा) में शनिवार को हरियाणवी फिल्म मुआवजा की स्क्रीनिंग के साथ दो दिवसीय इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल ऑफ हाइफा (आईएफएफएच) का आगाज हुआ। हरियाणी इनोवेटिव फिल्म एसोसिएशन (हाइफा)द्वारा आयोजित फेस्टिवल में डीएलसी सुपवा सहयोगी भूमिका में है। फिल्म फेस्टिवल का समापन रविवार शाम अवॉर्ड समारोह के साथ होगा।
दीप प्रज्ज्वलन, वंदे मातरम और सुपवा के कुलगीत की प्रस्तुति के साथ फेस्टिवल का उद्घाटन हुआ। अतिथियों ने फेस्टिवल कैटलॉग का विमोचन किया। सुपवा कुलसचिव डॉ. गुंजन मलिक मनोचा और डीन एकेडमिक अफेयर्स डॉ. अजय कौशिक ने अतिथियों का शॉल और स्मृति चिह्न भेंट कर स्वागत किया।
फेस्टिवल चेयरमैन एवं अभिनेता यशपाल शर्मा, अभिनेत्री-निर्माता-लेखिका सुमित्रा हुड्डा पेडनेकर, अभिनेत्री आशा हुड्डा, नेशनल अवॉर्ड विजेता फिल्ममेकर राजीव भाटिया, अभिनेत्री-निर्माता वंदना भाटिया सहित फिल्म जगत से जुड़ी अनेकों हस्तियां मौजूद रही।
फिल्म एवं टेलीविजन फैकल्टी के मिनी ऑडिटोरियम में शुरू हुई स्क्रीनिंग में रणजीत चौहान निर्देशित 53 मिनट की मुआवजा के बाद मलयालम फिल्म मलावाझी दिखाई गई। पहले दिन विभिन्न भाषाओं और विधाओं की 16 फिल्मों की स्क्रीनिंग हुई, जिनमें सांझी, वादा, सांगी, खेलूंगा, एक पेड़ मां के नाम, गुचक-द होल, डिसिडेंट्स और लेस जैसी फिल्में शामिल रहीं। इस दौरान सुपवा के न्यूजलेटर अभिव्यक्ति के दूसरे संस्करण का विमोचन भी किया गया।
कार्यक्रम में अभिनेता अनूप लाठर, साहित्यकार डॉ. राजेंद्र गौतम, हाइफा अध्यक्ष जनार्दन शर्मा, अभिनेता-निर्देशक रामपाल बल्हारा, हरियाणवी अभिनेता राजू मान, डॉ. महासिंह पूनिया, अंशुल पठानिया, लीला सैनी, रघुवेंद्र मलिक और फिल्म निर्माता-निर्देशक जगबीर राठी सहित सैकड़ों फिल्म प्रेमी मौजूद रहे। मंच संचालन गायत्री कौशल, डॉ. अल्पना सुहासिनी और विशाल जिंदल ने किया। रविवार को विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट फिल्मों और प्रतिभाओं को सम्मानित किया जाएगा। समारोह में सूचना, जनसंपर्क, भाषा एवं संस्कृति विभाग के आयुक्त एवं सचिव केएम पांडुरंग मुख्य अतिथि होंगे।
मास्टर क्लास में साझा किए फिल्म निर्माण के अनुभव
फिल्म निर्माता-निर्देशक अश्विनी चौधरी ने मास्टर क्लास में प्रतिभागियों के साथ कहानी, पटकथा, पात्र विकास, कैमरा भाषा, कलाकार चयन और निर्देशन की प्रक्रिया से जुड़ी बारीकियां साझा की। उन्होंने कहा कि अच्छी फिल्म की नींव मजबूत कहानी और विषय की स्पष्ट समझ पर टिकी होती है। प्रतिभागियों के सवालों के जवाब देते हुए उन्होंने युवा फिल्मकारों को निरंतर सीखने और नए प्रयोग करने के लिए प्रेरित किया।

Girish Saini 

