सुपवा की कला प्रदर्शनी –अभिव्यंजना का अवलोकन करने पहुंची हस्तियों ने सराहा छात्रों का हुनर व मेहनत

सुपवा की कला प्रदर्शनी –अभिव्यंजना का अवलोकन करने पहुंची हस्तियों ने सराहा छात्रों का हुनर व मेहनत

रोहतक, गिरीश सैनी। दादा लख्मी चंद राज्य प्रदर्शन एवं दृश्य कला विवि (डीएलसी सुपवा), रोहतक की कला प्रदर्शनी अभिव्यंजना लगातार दर्शकों को लुभा रही है। शनिवार को प्रदर्शनी के सातवें दिन विभिन्न विवि के कुलपति व कुलसचिव सहित अन्य गणमान्य हस्तियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया और छात्रों की रचनात्मकता व कला कौशल को सराहा।

इस आठ दिवसीय कला प्रदर्शनी का समापन रविवार को होगा। औपचारिक समापन समारोह दोपहर 12 बजे आयोजित किया जाएगा, जबकि आम लोग शाम 5 बजे तक प्रदर्शनी का अवलोकन कर सकेंगे।

शनिवार को ओलंपिक पदक विजेता पहलवान एवं पद्मश्री सम्मानित योगेश्वर दत्त, एमडीयू के कुलपति प्रो. मिलाप पुनियाँ, आईजीयू मीरपुर के कुलसचिव डॉ. दिलबाग सिंह व सीबीएलयू भिवानी की कुलसचिव डॉ. भावना शर्मा सुपवा पहुंचे। कुलपति डॉ. अमित आर्य व फैकल्टी ऑफ विजुअल आर्ट्स के कोऑर्डिनेटर विनय कुमार ने स्टाफ सदस्यों के साथ सभी अतिथियों का स्वागत किया। अतिथियों ने प्रदर्शनी में प्रदर्शित विभिन्न कलाकृतियों का गहन अवलोकन किया व छात्रों द्वारा प्रस्तुत रचनात्मक अभिव्यक्तियों की मुक्त कंठ से प्रशंसा की। छात्रों ने अपने कार्यों व कला की अवधारणाओं के बारे में विस्तार से जानकारी साझा की। अतिथियों ने कैनवास पर रंग भरकर अपनी सहभागिता दर्ज कराई।

पद्मश्री योगेश्वर दत्त ने छात्रों को बधाई देते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का सशक्त मंच प्रदान करते हैं। प्रो. मिलाप पुनियाँ ने कहा कि छात्रों द्वारा तैयार की गई कलाकृतियां बेहद आकर्षक, उत्कृष्ट व भावनात्मक रूप से जुड़ी हुई हैं।

प्रदर्शनी में प्रदर्शित कलाकृतियां केवल रंगों का संयोजन नहीं, बल्कि छात्रों की भावनाओं, यादों व जीवन अनुभवों की अभिव्यक्ति भी हैं। एप्लाइड आर्ट विभाग की छात्रा सान्या ने अपने चित्रों को टाइपोग्राफी के माध्यम से नया स्वरूप दिया है। वहीं, पेंटिंग विभाग की छात्रा ममता ने अपने चित्रों में ग्रामीण परिवेश की सुंदरता को जीवंत किया है। पुराने घर, गांव की गलियां, दादा की मोटरसाइकिल व बचपन की यादों को उन्होंने पेंटिंग के माध्यम से बेहद खूबसूरती से कैनवास पर उतारा है।

कुलपति डॉ. अमित आर्य ने बताया कि अभिव्यंजना के औपचारिक समापन के तहत 10 मई को दोपहर 12 बजे आयोजित समापन कार्यक्रम में प्रदर्शनी का फ्लैग ऑफ किया जाएगा। हालांकि आम दर्शकों के लिए प्रदर्शनी शाम 5 बजे तक खुली रहेगी।