हरियाणा की 399 ग्राम पंचायतों में होगा मुख्यमंत्री जागृत ग्राम पुरस्कार के लिए मुकाबलाः डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान

ग्राम पंचायतों को दो श्रेणियों में मिलेंगे मुख्यमंत्री जागृत ग्राम पुरस्कार।

हरियाणा की 399 ग्राम पंचायतों में होगा मुख्यमंत्री जागृत ग्राम पुरस्कार के लिए मुकाबलाः डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान

नीलोखेड़ी, गिरीश सैनी। मुख्यमंत्री जागृत ग्राम पुरस्कार योजना का उद्देश्य ग्राम पंचायतों में बेहतर कार्यों को प्रोत्साहित करना और विकास की स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देना है, इसलिए सत्यापन के दौरान पूरी पारदर्शिता और निष्पक्षता बरतना अत्यंत आवश्यक है। ये बात हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान के निदेशक डॉ वीरेंद्र सिंह चौहान ने संस्थान में आयोजित एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए कही। प्रशिक्षण में विभिन्न सत्यापन टीमों को योजना के मानकों और पारदर्शी मूल्यांकन प्रक्रिया के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई।

डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि सत्यापन के दौरान किसी भी प्रकार का दबाव, पक्षपात या पूर्वाग्रह नहीं होना चाहिए। टीम को ग्राम पंचायतों के कार्यों का मूल्यांकन पूरी ईमानदारी और निष्पक्षता के साथ केवल निर्धारित मानकों और जमीनी सच्चाई के आधार पर करना चाहिए। उन्होंने सत्यापन की प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी रखने की बात कही। सभी तथ्यों, अभिलेखों और दस्तावेजों की गहनता से जांच की जाए तथा गांव में किए गए विकास कार्यों का वास्तविक स्थिति के आधार पर सही तरीके से सत्यापन किया जाए।

डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि सत्यापन टीम को अपनी जिम्मेदारी का पूर्ण रूप से पालन करना चाहिए। प्रत्येक सदस्य को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनका मूल्यांकन पूरी जिम्मेदारी, ईमानदारी और निष्पक्षता के साथ हो, ताकि सही पंचायत को ही उसका अधिकार और सम्मान मिल सके।

निदेशक डॉ. चौहान ने बताया कि मुख्यमंत्री जागृति ग्राम पुरस्कार योजना के अंतर्गत ग्राम पंचायतों को दो श्रेणियों में पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे। पहली श्रेणी में वे ग्राम पंचायतें शामिल होंगी जिनकी जनसंख्या 5000 से अधिक है और दूसरी श्रेणी में वे ग्राम पंचायतें होंगी जिनकी जनसंख्या 5000 से कम है। 5000 से अधिक जनसंख्या वाली ग्राम पंचायतों के लिए राज्य स्तर पर पहला पुरस्कार 51 लाख रुपये, दूसरा पुरस्कार 31 लाख रुपये तथा तीसरा पुरस्कार 21 लाख रुपये दिया जाएगा। जिला स्तर पर पहला पुरस्कार 31 लाख रुपये और दूसरा पुरस्कार 21 लाख रुपये दिया जाएगा, जबकि ब्लॉक स्तर पर 11 लाख रुपये का पुरस्कार प्रदान किया जाएगा और 5000 से कम जनसंख्या वाली ग्राम पंचायतों के लिए राज्य स्तर पर पहला पुरस्कार 31 लाख रुपये, दूसरा पुरस्कार 21 लाख रुपये तथा तीसरा पुरस्कार 11 लाख रुपये निर्धारित किया गया है। जिला स्तर पर पहला पुरस्कार 21 लाख रुपये और दूसरा पुरस्कार 11 लाख रुपये दिया जाएगा, जबकि ब्लॉक स्तर पर 5 लाख रुपये का पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।

इस दौरान कार्यक्रम समन्वयक और नोडल अधिकारी संदीप भारद्वाज, संस्थान के संकाय सदस्य सुशील मेहता सहित अन्य मौजूद रहे।