बीएमयू में भाषण प्रतियोगिता में विनीत सिंह ने बाजी मारी

विद्यार्थियों ने एआई से चुनाव, जलवायु और वैश्विक राजनीति तक रखे बेबाक विचार।

बीएमयू में भाषण प्रतियोगिता में विनीत सिंह ने बाजी मारी

रोहतक, गिरीश सैनी। बाबा मस्तनाथ विवि, अस्थल बोहर के मानविकी संकाय के राजनीति विज्ञान एवं लोक प्रशासन विभाग द्वारा -कृत्रिम बुद्धिमत्ता का राजनीति और चुनावों पर प्रभाव तथा -जलवायु परिवर्तन और राजनीतिः भविष्य की वैश्विक चुनौती विषयों पर भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। कुलपति प्रो. बी.एम. यादव के मार्गदर्शन में आयोजित इस प्रतियोगिता में 45 विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों ने भाग लिया।

प्रतिभागियों ने कहा कि एआई ने राजनीतिक प्रचार, सोशल मीडिया संवाद और मतदाताओं तक पहुंच को अधिक तेज और प्रभावी बनाया है, लेकिन फेक न्यूज, भ्रामक प्रचार, डेटा के दुरुपयोग और जनमत को प्रभावित करने जैसी चुनौतियां भी बढ़ी हैं। उन्होंने कहा कि एआई के बढ़ते इस्तेमाल के दौर में निष्पक्ष और पारदर्शी चुनाव सुनिश्चित करना बड़ी जिम्मेदारी होगी।

जलवायु परिवर्तन पर वक्ताओं ने इसे पर्यावरणीय संकट के साथ-साथ अर्थव्यवस्था, सुरक्षा, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और आने वाली पीढ़ियों के अस्तित्व से जुड़ी वैश्विक चुनौती बताया।

डीएसडब्ल्यू डॉ. सुधीर मलिक ने एआई के सकारात्मक इस्तेमाल की जरूरत बताते हुए इसके दुरुपयोग से पैदा होने वाली चुनौतियों पर आगाह किया। मानविकी संकाय के डीन डॉ. ब्रह्म प्रकाश ने जलवायु परिवर्तन को विश्व राजनीति की प्रमुख चुनौतियों में शामिल बताया। हिंदी विभागाध्यक्ष बाबूराम ने कहा कि एआई चुनावी संवाद को प्रभावी बनाने के साथ निष्पक्ष चुनावों की सुरक्षा को लेकर नई जिम्मेदारियां भी बढ़ाएगा।

प्रतियोगिता में विनीत सिंह ने प्रथम, शिखा स्वामी ने दूसरा और मंजू ने तीसरा स्थान हासिल किया। निर्णायक मंडल में डॉ. प्रवेश कुमारी और विधि विभाग की डॉ. प्रमिला शामिल रहे। कार्यक्रम संचालन सहायक प्रोफेसर डॉ. बबीता और मंच संचालन शोधार्थी ईशू त्यागी ने किया। डॉ. सोनिका ने आभार व्यक्त किया। इस दौरान डिप्टी डीन डॉ. प्रदीप कुमार शर्मा, डॉ. सत्यवीर सिंह, डॉ. मीनू शर्मा, डॉ. सोनिका, डॉ. शर्मिला, डॉ. ऊषा, डॉ. राकेश, डॉ. हरिओम, डॉ. वीरेंद्र, डॉ. प्रवेश, डॉ. अतुल, डॉ. रेखा सहित अनेक शिक्षक एवं शोधार्थी मौजूद रहे।