स्त्री शिक्षा तथा सशक्तिकरण से जुड़ा है राष्ट्र की प्रगति का रास्ताः राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष

स्त्री शिक्षा तथा सशक्तिकरण से जुड़ा है राष्ट्र की प्रगति का रास्ताः राज्यपाल प्रो. असीम कुमार घोष

रोहतक, गिरीश सैनी। गुणवत्तापरक शिक्षा, महिला सशक्तिकरण, लैंगिक संवेदीकरण एवं लैंगिक समता, पर्यावरणीय सरोकारों तथा सामाजिक समरसता के लिए शैक्षणिक संस्थानों को विद्यालयों, महाविद्यालयों तथा विश्वविद्यालयों में कार्य करना होगा। हरियाणा के राज्यपाल तथा कुलाधिपति प्रो. असीम कुमार घोष ने एमडीयू कुलपति प्रो. मिलाप पूनियाँ से विस्तृत विचार-विमर्श के दौरान ये परामर्श दिया। हरियाणा की प्रथम महिला मित्रा घोष ने भी इस चर्चा में सक्रिय भागीदारी की। 

राज्यपाल-कुलाधिपति प्रो. असीम कुमार घोष ने कहा कि राष्ट्र की प्रगति का रास्ता स्त्री शिक्षा तथा सशक्तिकरण से सीधी तौर पर जुड़ा हुआ है, ऐसे में विश्वविद्यालयों को अपने कार्यक्रमों तथा प्रगतिशील नीतियों के जरिए स्त्री सशक्तिकरण का संदेश बुलंद करना होगा।

कुलपति प्रो. मिलाप पूनियाँ ने कुलाधिपति को जानकारी दी कि एमडीयू में विभिन्न शैक्षणिक विभागों में छात्राएं ज्यादा संख्या में हैं। विभिन्न पाठ्यक्रमों के टॉपर्स भी छात्राएं हैं। कुलपति ने कहा कि आगामी सत्र से लैंगिक संवेदीकरण तथा महिला सशक्तिकरण संबंधित अनेक कार्यक्रमों तथा कार्यशालाओं का आयोजन एमडीयू में किया जाएगा और छात्राओं के बेहतर स्वास्थ्य के लिए हेल्थ-सेंट्रिक प्रोग्राम्स आयोजित करवाए जाएंगे।

कुलपति ने कहा कि विद्यार्थियों के लिए स्टार्टअप्स हेतु प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन भी आने वाले समय में किया जाएगा और फोकस स्टूडेंट-सेंट्रिक इनीशिएटिव पर रहेगा। इस दौरान कुलसचिव प्रो. संदीप बंसल भी मौजूद रहे।