लोकतंत्र का ग्रंथ संविधान है और बाबा साहब हमारे लिए देवता स्वरुपः सांसद दीपेन्द्र हुड्डा
कहा, बाबा साहब के संविधान और लोकतंत्र को कमजोर नहीं होने देंगे।
रोहतक, गिरीश सैनी। लोकसभा सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने मंगलवार को रोहतक में बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती के अवसर पर आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शिरकत की। उन्होंने डॉ. भीम राव अंबेडकर भवन नेहरू कालोनी और डॉ. भीमराव अंबेडकर एजुकेशन सोसाइटी द्वारा आयोजित समारोह में बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि बाबा साहब की सोच, विचार, मूल्यों व आदर्शों पर देश के संविधान की रचना हुई है। स्वतंत्रता, समानता व भाईचारे की बुनियाद पर टिके संविधान की मूलआत्मा व आदर्शों से अपनी आने वाली पीढ़ी को अवगत कराना ही बाबा साहब को सच्ची श्रद्धांजलि होगी। बाबा साहब ने बराबरी, स्वतंत्रता और आपसी भाईचारे के रूप में तीन मूल मंत्र दिये और संविधान के माध्यम से वंचित वर्गों समेत हर नागरिक को उनके अधिकार दिये।
उन्होंने कहा कि आज बाबा साहब का संविधान और लोकतंत्र खतरे में है। भाजपा सरकार लगातार संविधान और लोकतंत्र पर प्रहार कर उसे कमजोर करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि देश में लोकतंत्र है, हमारे संवैधानिक लोकतंत्र का ग्रंथ संविधान है और बाबा साहब भारत के करोड़ों लोगों के लिए देवता स्वरुप हैं। बीजेपी चाहे लाख कोशिश करे, हम बाबा साहब द्वारा रचित संविधान पर आंच नहीं आने देंगे।
सांसद दीपेन्द्र हुड्डा ने कहा कि आज भाजपा शासन में सबसे ज्यादा भेदभाव हो रहा है। बीजेपी की केंद्र सरकार में हरियाणा से 3 मंत्री हैं, लेकिन एससी समाज से कोई भी केंद्रीय मंत्री नहीं बनाया। न ही एससी समाज के किसी व्यक्ति को राज्यसभा का टिकट देकर भेजा। जबकि कांग्रेस पार्टी ने जमीन से जुड़े कर्मवीर बौद्ध को जिताकर न केवल भाजपा को पटखनी दी, बल्कि उन्हें सांसद के रूप में राज्य सभा में भेजा। इस दौरान विधायक भारत भूषण बतरा, गीता भुक्कल, शकुंतला खटक व बलराम दांगी सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।

Girish Saini 

