शिक्षक सिर्फ गुरु नहीं, राष्ट्र निर्माण की नींवः सीजेएम डॉ. तरन्नुम खान
डीएलएसए ने शिक्षक दिवस पर पांच उत्कृष्ट शिक्षकों को किया सम्मानित।
रोहतक, गिरीश सैनी। शिक्षक विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, चरित्र और भविष्य को दिशा देकर राष्ट्र निर्माण की नींव मजबूत करते हैं। यह बात जिला विधिक सेवाएं प्राधिकरण (डीएलएसए) की सचिव एवं सीजेएम डॉ. तरन्नुम खान ने शिक्षक दिवस पर आयोजित सम्मान समारोह में कही।
जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं प्राधिकरण के चेयरमैन अजय तेवतिया के मार्गदर्शन में डीएलएसए सभागार में आयोजित कार्यक्रम में जिले के पांचों ब्लॉकों से शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले पांच शिक्षकों को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया।
सम्मानित हुए शिक्षकों में डॉ. कविता नरवाल (करौंथा), राकेश कुमार (कलानौर), सुधीर कुमार (निंदाना), रमेश चिटकारा (नया बांस) और श्याम कुमार (चिड़ी) शामिल रहे।
सीजेएम डॉ. खान ने कहा कि शिक्षक विद्यार्थियों को मौलिक अधिकारों एवं कर्तव्यों, बाल अधिकारों, नशे के दुष्प्रभाव, साइबर अपराध और विधिक सहायता जैसे विषयों के प्रति जागरूक करने में भी अहम भूमिका निभा सकते हैं।
उन्होंने मीडिएशन फॉर नेशन 3.0 अभियान की जानकारी देते हुए लोगों से विवादों का समाधान मध्यस्थता के जरिए सौहार्दपूर्ण ढंग से करने की अपील की। साथ ही आगामी 12 सितंबर 2026 की राष्ट्रीय लोक अदालत का अधिक से अधिक लाभ उठाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि लोक अदालत में आपसी सहमति से मामलों का सरल और शीघ्र समाधान संभव है।

Girish Saini 

