शिक्षक ही गढ़ेंगे विकसित भारत की नींवः शिक्षा मंत्री ढांडा

शिक्षक सम्मान समारोह में रोहतक, हिसार और करनाल के शिक्षकों को किया सम्मानित

शिक्षक ही गढ़ेंगे विकसित भारत की नींवः शिक्षा मंत्री ढांडा

रोहतक, गिरीश सैनी। हरियाणा के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने कहा कि शिक्षक केवल पाठ्यक्रम पढ़ाने तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वे देश की भावी पीढ़ी के निर्माण के सबसे महत्वपूर्ण स्तंभ हैं। शिक्षकों को विद्यार्थियों में ज्ञान और कौशल के साथ संस्कार, देशभक्ति और सकारात्मक सोच विकसित कर उन्हें राष्ट्र निर्माण के लिए तैयार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि शिक्षक वह शक्ति हैं, जो असंभव को भी संभव बनाने का सामर्थ्य रखते हैं।

शिक्षा मंत्री रविवार को डीएलसी सुपवा में आयोजित शिक्षक सम्मान-2026 समारोह को संबोधित कर रहे थे। समारोह में रोहतक, हिसार और करनाल जिलों के चयनित शिक्षकों को सम्मानित किया गया। खास बात यह रही कि इन शिक्षकों का चयन विद्यार्थियों ने लोकतांत्रिक प्रक्रिया के माध्यम से किया। विद्यार्थियों द्वारा अपने पसंदीदा शिक्षकों को उनके आचरण, व्यवहार और कार्यकुशलता के आधार पर चुना गया।

शिक्षा मंत्री ने कहा कि विद्यार्थियों का यह विश्वास शिक्षकों के समर्पण और उनके योगदान की सबसे बड़ी पहचान है। उन्होंने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से शिक्षकों का मनोबल बढ़ता है और समाज में उनके सम्मान को मजबूती मिलती है।

उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के समक्ष विषय रखने के बाद अगले वर्ष से आईटीआई, तकनीकी एवं इंजीनियरिंग संस्थानों के शिक्षकों को भी शिक्षक सम्मान समारोह में सम्मानित किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य में शिक्षकों की भूमिका निर्णायक होगी। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में हरियाणा तेजी से आगे बढ़ रहा है। इसके परिणाम आने वाले वर्षों में और स्पष्ट दिखाई देंगे।

शिक्षा मंत्री ने कहा कि सरकारी स्कूलों के परीक्षा परिणामों में लगातार सुधार हो रहा है। कई सरकारी विद्यालयों में शत-प्रतिशत परिणाम और विद्यार्थियों का मेरिट सूची में स्थान बनाना प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था में हो रहे सकारात्मक बदलाव का संकेत है।

इससे पहले शिक्षा मंत्री ने विवि परिसर में दादा लख्मी चंद की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और दीप प्रज्वलित कर समारोह का शुभारंभ किया। इस दौरान सुपवा की कुलसचिव डॉ. गुंजन मलिक मनोचा, मेयर राम अवतार, शमशेर खरक, डीईओ मंजीत मलिक सहित अनेक गणमान्य व्यक्ति और शिक्षक मौजूद रहे।