प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के लिए 9 करोड़ 23 लाख रुपये की धनराशि के प्रोजेक्ट अनुमोदितः डीसी सचिन गुप्ता

प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के लिए 9 करोड़ 23 लाख रुपये की धनराशि के प्रोजेक्ट अनुमोदितः डीसी सचिन गुप्ता

रोहतक, गिरीश सैनी। उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना की जिला स्तरीय समिति सभा में वर्ष 2026-27 के लिए जिला में 9.23 करोड़ रुपये की धनराशि के प्रोजेक्ट अनुमोदित किये गए। इन गतिविधियों में मत्स्य पालकों को मछली पालन /झींगा पालन के लिए तालाब निर्माण व खाद खुराक, थ्री व्हीलर-सह-आइस बॉक्स-कॉल्ड स्टोर आदि शामिल है।

उपायुक्त सचिन गुप्ता ने मत्स्य पालन विभाग की मासिक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना की जिला स्तरीय कमेटी में मीठे पानी में मछली पालन के लिए 20 हेक्टेयर का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने कहा कि किसान एक एकड़ से 4 लाख रुपये वार्षिक आय प्राप्त कर सकता है। जिला में खारे पानी में झींगा पालन का 31 यूनिट का लक्ष्य रखा गया, जिसमें प्रति यूनिट 14 लाख रुपये की लागत आती है तथा झींगा पालक 4 से 5 लाख रुपय प्रति एकड़ व 10 लाख रुपये प्रति हेक्टेयर वार्षिक आय प्राप्त कर सकता है।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत अनुसूचित जाति व महिलाओं को 60 प्रतिशत एवं सामान्य वर्ग को 40 प्रतिशत अनुदान दिया जाता है। उन्होंने जिला के किसानों का आह्वान किया है कि वे अपनी जलमग्न एवं लवणीय /सेमग्रस्त भूमि में मछली पालन कर सरकार द्वारा क्रियान्वित की जा रही योजनाओं का लाभ उठाये। मत्स्य पालन से किसान प्रति एकड़ अढ़ाई लाख रुपये साढ़े 4 लाख रुपये तक वार्षिक आय प्राप्त कर सकता है। इच्छुक किसान मत्स्य पालक अनुदान का लाभ उठाने के लिए जिला मत्स्य अधिकारी कार्यालय में आवेदन जमा करवाये। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त नरेंद्र कुमार, पुलिस उपाधीक्षक गुलाब सिंह, मंडल मृदा संरक्षण अधिकारी डॉ. नीना सहवाग, कृषि उप निदेशक डॉ. सुरेंद्र मलिक, सिंचाइ विभाग के कार्यकारी अभियंता अरूण मुंजाल, जिला मत्स्य अधिकारी आशा हुड्डा, जिला उद्यान अधिकारी डॉ. मदनलाल, पशुपालन विभाग के एसडीओ डॉ. नरेंद्र दहिया, एसडीएओ संदीप सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।