कुशल बिजनेस चैलेंज 3.0 के तहत सरकारी स्कूलों के प्राचार्यों का अभिमुखीकरण कार्यक्रम आयोजित
रोहतक, गिरीश सैनी। जिला शिक्षा अधिकारी मनजीत मलिक ने कहा कि कौशल आधारित शिक्षा विद्यार्थियों में उद्यमशीलता की सोच विकसित करने के साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनाएगी। कुशल बिजनेस चैलेंज 3.0 का उद्देश्य विद्यार्थियों को नौकरी मांगने वाला नहीं, बल्कि रोजगार के अवसर पैदा करने वाला बनाना है।
सरकारी विद्यालयों के प्राचार्यों एवं मुख्य अध्यापकों के लिए आयोजित एक दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने प्राचार्यों से कार्यक्रम को विद्यालयों में प्रभावी ढंग से लागू करने का आह्वान किया।
डीपीसी सुमन हुड्डा ने कहा कि केबीसी 3.0 से विद्यार्थियों में रचनात्मकता, आत्मनिर्भरता और व्यवसाय शुरू करने की क्षमता विकसित होगी। कार्यक्रम में कक्षा 9वीं से 12वीं तक इसके क्रियान्वयन, समय-सारणी और बिजनेस माइंडसेट विकसित करने के तरीकों पर प्रशिक्षण दिया गया। इस दौरान सभी प्राचार्यों ने अपने विद्यालयों में कार्यक्रम लागू करने का संकल्प लिया।

Girish Saini

