उत्कृष्ट पत्रकारिता की पहचान है भाषायी दक्षताः पत्रकार पी.के. मोदी
रोहतक, गिरीश सैनी। भाषायी कौशल पत्रकारिता की मजबूत नींव है। प्रभावी भाषा ही रिपोर्टिंग को नया कलेवर और विश्वसनीयता प्रदान करती है। ये विचार प्रतिष्ठित पत्रकार परवीन के मोदी ने एमडीयू के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग में आयोजित एक विशेष व्याख्यान के दौरान व्यक्त किए।
दो दिवसीय कैपेसिटी बिल्डिंग एवं स्किल डेवलपमेंट कार्यक्रम के अंतर्गत आयोजित इस व्याख्यान में उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन की आदत विकसित करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सफल पत्रकार बनने के लिए प्रतिदिन समाचार-पत्र पढ़ना, विषयों की गहरी समझ विकसित करना और समय-सीमा (डेडलाइन) का पालन करना अत्यंत आवश्यक है।
विभागाध्यक्ष प्रो. गुलाब सिंह ने अतिथि वक्ता का स्वागत किया। कार्यक्रम का संयोजन एवं संचालन प्राध्यापक सुनित मुखर्जी ने किया। एडजंक्ट फैकल्टी प्रो. हरीश कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि पत्रकारिता का केंद्र समाज है, इसलिए विद्यार्थियों को सामाजिक सरोकारों के प्रति संवेदनशील रहना चाहिए। डॉ. बेनुल तोमर ने आभार व्यक्त किया। अंत में वक्ता ने विद्यार्थियों के प्रश्नों के उत्तर दिए।

Girish Saini 

