2024 में पार्ट-टाइम पीएचडी सहित विभिन्न नए एकेडमिक प्रोग्राम शुरू किए जाएंगेः कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई
नए वर्ष पर गुजवि में हवन व परिवार मिलन समारोह आयोजित।
हिसार, गिरीश सैनी। गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय वर्ष 2024 में विभिन्न नए एकेडमिक प्रोग्राम आरंभ कर रहा है जो वर्तमान समय की मांग के अनुरूप और रोजगारपरक होंगे। ये एकेडमिक प्रोग्राम्स नियमित तथा दूरस्थ शिक्षा दोनों ही माध्यमों से आरंभ किए जाएंगे। विद्यार्थियों की बढ़ती संख्या को ध्यान में रखते हुए गुजवि के आधारभूत ढांचे को भी और अधिक मजबूत किया जाएगा। नववर्ष के उपलक्ष्य पर आयोजित पत्रकार वार्ता में कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने इस संबंध में विस्तृत जानकारी दी।
कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने कहा है कि भारत को 2047 तक ‘विकसित भारत’ बनाने में विश्वविद्यालयों की अहम भूमिका रहेगी। ऐसे में विद्यार्थियों को रोजगारोन्मुख एकेडमिक प्रोग्राम उपलब्ध कराने के साथ-साथ उनके व्यक्तित्व विकास को बेहतर करना भी विश्वविद्यालयों की जिम्मेदारी है। गुजवि ने नए कोर्स आरंभ करने तथा आधारभूत ढांचा मजबूत करने की एक विस्तृत योजना तैयार की है।
इस दौरान कुलसचिव प्रो. विनोद छोकर सहित डीन एकेडमिक अफेयर्स प्रो. देवेन्द्र कुमार, तकनीकी सलाहकार एचआरएम प्रो. संदीप राणा, डीन ऑफ कॉलेजिज प्रो. संजीव कुमार, निदेशक आउटरीच प्रो. दलबीर सिंह, निदेशक दूरस्थ शिक्षा प्रो. खजान सिंह, उपनिदेशक जनसम्पर्क डॉ. बिजेन्द्र दहिया, सहायक कुलसचिव अशोक कौशिक व कंसल्टेंट विमल झा मौजूद रहे।
कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने बताया कि आगामी सत्र से पांच वर्षीय बीकॉम-एमकॉम इंटिग्रेटिड, पांच वर्षीय बीसीए-एमसीए इंटीग्रेटेड, बीटेक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड डाटा साइंस, बीएएलएलबी, बीए-बीएड, बीएससी-बीएड, एमएससी जियोग्राफी, पांच वर्षीय बीए-एमएससी ज्योग्राफी इंटिग्रेटिड, डिप्लोमा इन मेडिकल लेबोरेटरी टेक्नीक्स तथा डिप्लोमा इन फार्मेसी नए एकेडमिक प्रोग्राम्स आरंभ किए जाएंगे। कुछ शैक्षणिक कार्यक्रमों की कक्षाएं सायंकालीन सत्र में लगेंगी। संबद्ध महाविद्यालयों के शैक्षणिक कार्यक्रम भी नई शिक्षा नीति के तहत शुरू किए जाएंगे। पार्ट-टाइम पीएचडी कार्यक्रम भी शुरू किया जाएगा। इससे सेवारत आवेदकों को पीएचडी करने का मौका मिलेगा। इस मौके पर कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने डिजिटल कैलेंडर का विमोचन भी किया। इस कैलेंडर के क्यूआर कोड को स्कैन करके माह से संबंधित जानकारियां उपलब्ध होंगी।
कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने बताया कि दूरस्थ शिक्षा के माध्यम से शुरू किए जाने वाले नए ऑनलाइन एकेडमिक प्रोग्राम्स में एमबीए जनरल, एमकॉम, एमए मास कम्युनिकेशन, एमसीए, बीसीए, डिप्लोमा इन कंप्यूटर एप्लीकेशन, एमए हिंदी तथा डिप्लोमा इन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड डाटा साइंस शामिल हैं।
कुलपति ने बताया कि बढ़ती जरूरतों को ध्यान में रखते हुए नए भवनों का निर्माण भी इस वर्ष में किया जाएगा। शिक्षण खंड-8 के निर्माण के साथ ही शिक्षण खंड-7 की तीसरी मंजिल बनाई जाएगी। सिविल इंजीनियरिंग विभाग की इमारत तथा एक मल्टीपर्पज हॉल का निर्माण भी किया जाएगा। लड़कियों के लिए नए छात्रावास नं. 5 तथा लड़कों के लिए एक और नए छात्रावास का निर्माण किया जाएगा। अनुसूचित जाति के विद्यार्थियों के लिए एक अलग से छात्रावास का निर्माण भी किया जाएगा। नए ए-टाइप, सी-टाइप, सुपर सी-टाइप तथा डी-टाइप मकानों का निर्माण भी किया जाएगा।
नववर्ष के उपलक्ष्य में गुरु जम्भेश्वर महाराज धार्मिक अध्ययन संस्थान के सौजन्य से आयोजित हवन यज्ञ में कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई व प्रथम महिला डॉ. वंदना बिश्नोई मुख्य यजमान के रूप में उपस्थित रहे। हवन यज्ञ की अध्यक्षता कुलसचिव प्रो. विनोद छोकर ने की। हवन यज्ञ में विश्वविद्यालय की सुख समृद्धि की प्रार्थना की गई।
फ्रेगरेंस गार्डन में आयोजित परिवार मिलन समारोह में कुलपति प्रो. नरसी राम बिश्नोई ने व्यक्तिगत रूप से मिलकर शिक्षकों व कर्मचारियों को नववर्ष की शुभकामनाएं दी तथा उनके परिवार के लिए सुख समृद्धि की कामना की।
Girish Saini 


