1,400 अनुबंधित शिक्षकों की सेवा-सुरक्षा का मुद्दा मानसून सत्र में उठाएंगे हुड्डा

पूर्व सीएम से मिला हुकटा प्रतिनिधि मंडल।

1,400 अनुबंधित शिक्षकों की सेवा-सुरक्षा का मुद्दा मानसून सत्र में उठाएंगे हुड्डा

रोहतक, गिरीश सैनी। हरियाणा के राजकीय विवि में कार्यरत करीब 1,400 अनुबंधित असिस्टेंट प्रोफेसरों/लेक्चरर्स की सेवा-सुरक्षा का मुद्दा अब विधानसभा के मानसून सत्र में गूंजेगा। हरियाणा यूनिवर्सिटीज कॉन्ट्रैक्चुअल टीचर्स एसोसिएशन (हुकटा) के एक प्रतिनिधिमंडल ने नेता प्रतिपक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा से इस संदर्भ में मुलाकात की। हुड्डा ने शिक्षकों की मांग विधानसभा में उठाने और सरकार से स्पष्ट जवाब मांगने का आश्वासन दिया।

पूर्व सीएम हुड्डा ने कहा कि वह पहले भी विवि के अनुबंधित असिस्टेंट प्रोफेसरों का मुद्दा विधानसभा में उठा चुके हैं। जब सरकार ने अन्य अनुबंधित कर्मचारियों को सेवा-सुरक्षा प्रदान की है, तो विवि के अनुबंधित शिक्षकों को भी समान सुरक्षा मिलनी चाहिए।

हुकटा प्रदेशाध्यक्ष डॉ. विजय मलिक और डॉ. सुमन रंगा ने बताया कि 2024 के शीतकालीन सत्र में सरकार ने राजकीय महाविद्यालयों के एक्सटेंशन लेक्चरर्स के लिए हरियाणा एक्सटेंशन लेक्चरर्स (सिक्योरिटी ऑफ सर्विस) एक्ट-2024 पारित किया था। अब विवि के अनुबंधित शिक्षकों के लिए भी इसी तर्ज पर कानून बनाने की मांग की जा रही है।

उन्होंने कहा कि करीब 1,400 शिक्षकों की नियुक्तियां यूजीसी नेट/पीएचडी जैसी निर्धारित योग्यताओं, विधिवत विज्ञापन, चयन प्रक्रिया और चयन समितियों के माध्यम से हुई हैं। इनमें कई शिक्षक 10-15 वर्षों से पूर्ण कार्यभार के साथ सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन नियमित भर्ती शुरू होने पर नौकरी जाने की आशंका बनी हुई है। उन्होंने कहा कि कई शिक्षक पिछले 5-7 वर्षों से ₹57,700 के शुरुआती वेतन पर कार्यरत हैं और नियमित वेतनवृद्धि का लाभ भी प्रभावी रूप से नहीं मिल रहा।

हुकटा ने मानसून सत्र में हरियाणा राज्य विवि अनुबंधित असिस्टेंट प्रोफेसर (सेवा सुरक्षा) अधिनियम-2026 का विधेयक लाकर पारित करने की मांग करते हुए कहा कि संगठन नियमित भर्ती का विरोध नहीं करता, बल्कि वर्षों से सेवाएं दे रहे शिक्षकों के रोजगार की सुरक्षा चाहता है।