छात्राएं बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति सावधान रहेः कुलपति प्रो सुदेश

छात्राएं बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति सावधान रहेः कुलपति प्रो सुदेश

खानपुर कलां, गिरीश सैनी। जन भागीदारी से महिला सशक्तिकरण भगत फूल सिंह महिला विश्वविद्यालय का मूल है और इसकी झलक छात्राओं के आचार-व्यवहार में नजर आनी चाहिए। ये आह्वान महिला विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो सुदेश ने विधि विभाग द्वारा आयोजित सात दिवसीय एन.एस.एस शिविर के समापन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि व्यक्त किए।

कुलपति प्रो सुदेश ने छात्राओं को इंटरनेट, मोबाइल, लैपटॉप सहित अन्य उपकरणों व तकनीक को बुद्धिमता के साथ उपयोग करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने छात्राओं को बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति सावधान रहने और अपने आसपास भी इसे लेकर जागरूकता फैलाने की बात कही। कुलपति प्रो सुदेश ने उपस्थित जन को भौतिकवाद के भ्रम से निकलकर जीवन की वास्तविक संतुष्टि व मानव निर्माण को प्राथमिकता देने का सुझाव दिया।

कुलपति प्रो सुदेश ने शिविर में आयोजित विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली स्वयंसेविकाओं को ट्राफी व प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने स्वयंसेविकाओं का आह्वान किया कि एन.एस.एस. के मंत्र -स्वयं से पहले आप को जीवन में उतारे और एक बेहतर राष्ट्र व समाज निर्माण में योगदान दें। बेस्ट कैंपर का अवार्ड अक्षु, मुस्कुराना और मीनाक्षी को मिला। बेस्ट स्वयंसेविका के खिताब से रुपल को नवाजा गया। गांव शामड़ी की होनहार छात्रा निश्चल को मोटीवेटर अवार्ड से सम्मानित किया गया।

बतौर विशिष्ट अतिथि एमडीयू, रोहतक के पूर्व एनएसएस समन्वयक डॉ रणबीर गुलिया ने शिरकत की। विधि विभागाध्यक्षा डॉ सीमा दहिया ने स्वागत संबोधन किया। एन.एस.एस. कार्यक्रम अधिकारी धीरज दहिया ने शिविर के दौरान आयोजित गतिविधियों की जानकारी दी और बताया कि स्वयंसेविकाओं ने विभाग द्वारा गोद लिए गए गांव शामड़ी में जागरूकता रैली, नुक्कड़ नाटक, पोस्टर मेकिंग, सामजिक आर्थिक सर्वे, गीत, कविता आदि गतिविधियों द्वारा ग्रामीणों को मतदान, कन्या भ्रूण हत्या व स्वच्छता के प्रति जागरूक किया। इस शिविर में प्लास्टिक फ्री समाज को प्रोत्साहन दिया गया। इस दौरान विभाग के प्राध्यापक, शोधार्थी, विद्यार्थी एवं अभिभावक मौजूद रहे।