फॉर्म-7 पर निर्वाचन आयोग की सख्ती, एक माह में 5 आपत्तियों की सीमा तयः डीसी
रोहतक, गिरीश सैनी। मतदाता सूची से नाम हटाने की आपत्तियों पर निर्वाचन आयोग ने सीमा तय कर दी है। अब दावे एवं आपत्तियों की अवधि में एक मतदाता अधिकतम 10 फॉर्म-7 आवेदन दे सकेगा, जबकि मतदाता सूची के निरंतर अद्यतन के दौरान एक महीने में अधिकतम पांच आवेदन ही प्रस्तुत किए जा सकेंगे। यह नियम ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से दिए जाने वाले आवेदनों पर लागू होगा।
उपायुक्त एवं जिला निर्वाचन अधिकारी सतबीर सिंह ने बताया कि इन निर्देशों का उद्देश्य बिना ठोस आधार के सामूहिक आपत्तियां दर्ज कराने पर रोक लगाना और पात्र मतदाताओं को अनावश्यक परेशानी से बचाना है।
उन्होंने बताया कि नियमों के अनुसार, फॉर्म-7 वही व्यक्ति प्रस्तुत कर सकता है, जिसका नाम संबंधित विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में दर्ज हो। आवेदन पर स्वयं हस्ताक्षर करना अनिवार्य है। निर्वाचन पंजीकरण अधिकारियों को आवेदनों की सत्यता जांचने और आवश्यक होने पर व्यक्तिगत सुनवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। संबंधित मतदाता को भी अपना पक्ष रखने का अवसर मिलेगा।
डीसी ने चेताया कि जानबूझकर झूठी या मनगढ़ंत शिकायत देने तथा गलत घोषणा करने पर जनप्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 31 के तहत कार्रवाई हो सकती है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची की शुद्धता और पात्र मतदाताओं के अधिकार सुरक्षित रखने के लिए प्रत्येक आपत्ति का नियमानुसार सत्यापन जरूरी है।

Girish Saini

