सिर्फ एक व्यक्ति नहीं, पूरे परिवार व समाज को प्रभावित करता है नशाः कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल

पीजीआईएमएस में दिलाई नशा मुक्ति की शपथ।

सिर्फ एक व्यक्ति नहीं, पूरे परिवार व समाज को प्रभावित करता है नशाः कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल

रोहतक, गिरीश सैनी। पं. भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विवि के कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल ने शनिवार को विश्व तंबाकू निषेध दिवस कार्यक्रम में कर्मचारियों व छात्रों सहित उपस्थित जन को नशा न करने की शपथ दिलाई। पीजीआईएमएस की चौ. रणबीर सिंह ओपीडी में सामुदायिक चिकित्सा विभाग एवं मनोरोग विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की।

कुलपति डॉ. अग्रवाल ने शपथ दिलाते हुए कहा कि नशा इंसान के शरीर के हर हिस्से पर घातक असर डालता है। तंबाकू से फेफड़े खराब होते हैं, दिल की नलियां बंद होती हैं, दिमाग पर असर पड़ता है और कैंसर का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। नशे से सिर्फ एक व्यक्ति नहीं, उसका परिवार और समाज प्रभावित होता है। कुलपति ने उपस्थित जन से इस जागरूकता अभियान को हर गांव, हर स्कूल और हर घर तक पहुंचाने का आह्वान किया।   

वीसी डॉ. एच.के. अग्रवाल ने एक वैश्विक रिसर्च का हवाला देते हुए कहा कि दुनिया में 40 मिलियन से ज्यादा बच्चे नशे की लत का शिकार हैं। बच्चे सिगरेट और ई-सिगरेट की तरफ बढ़ रहे हैं, जो बहुत खतरनाक है। अभिभावकों और शिक्षकों को मिलकर बच्चों पर नजर रखनी होगी।  

कुलसचिव डॉ. रूप सिंह ने कहा कि तंबाकू केवल फेफड़ों को ही नहीं, हड्डियों को भी नुकसान पहुंचाता है। ज्यादा धूम्रपान करने वालों की हड्डी टूटने पर देर से जुड़ती है। क्रोनिक स्मोकर की हड्डियों में कैल्शियम कम हो जाता है और फ्रैक्चर का खतरा बढ़ जाता है। निदेशक डॉ. एस.के. सिंघल ने कहा कि तंबाकू शरीर को अंदर से खोखला कर देता है। डॉ. रमेश वर्मा ने कहा कि आजकल युवाओं में धूम्रपान की लत तेजी से बढ़ रही है। सोशल मीडिया, तनाव और साथियों की देखा देखी धूम्रपान शुरू करना इसका बड़ा कारण है।

ड्रग डी-एडिक्शन सेंटर के इंचार्ज डॉ. सिद्धार्थ ने बताया कि तंबाकू छोड़ने के लिए हर शनिवार को स्पेशल क्लिनिक संचालित किया जाता है, जहां दवा के साथ काउंसलिंग भी की जाती है।

जनसंपर्क विभाग के इंचार्ज डॉ. वरुण अरोड़ा ने बताया कि इस दौरान छात्रों ने तंबाकू के खिलाफ संदेश देते पोस्टर बनाए और नुक्कड़ नाटक के जरिए तंबाकू से होने वाले कैंसर और असमय मौत के बारे में जागरूक किया। कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल ने सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया। इस दौरान डॉ. नीलम कुमार, डॉ. मीनाक्षी, डॉ. प्रीति, डॉ. पुरुषोत्तम, डॉ. विनय रावत, डॉ. सुनीला सहित अन्य स्टाफ सदस्य मौजूद रहे।