नागरिकों को स्वच्छ व पर्याप्त पेयजल उपलब्ध करवाने के लिए निरंतर प्रयासरत है जिला प्रशासनः डीसी सचिन गुप्ता
लगभग 1.5 करोड़ रुपये की राशि से नगर निगम गोहाना रोड पर कराएगा नाले का निर्माण।
रोहतक, गिरीश सैनी। उपायुक्त सचिन गुप्ता ने कहा कि जिला प्रशासन शहरवासियों को शुद्ध व पर्याप्त पेयजल उपलब्ध करवाने के प्रति कृत संकल्प है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे 31 मई 2026 मॉनसून सीजन से पूर्व सभी नालों की सफाई करवाना सुनिश्चित करें। उन्होंने नागरिकों का आह्वान किया कि वे कचरे को नगर निगम की कचरा एकत्रित करने वाले वाहनों में ही डाले तथा शहर में साफ-सफाई व बरसाती पानी की निकासी के लिए अपने सुझाव दें।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने नगर निगम, जनस्वास्थ्य विभाग तथा एचएसवीपी के अधिकारियों के साथ शहर में बरसाती पानी की निकासी के प्रबंधों, नालों की सफाई व कचरा उठाने के लिए किये गए प्रबंधों का अवलोकन किया। उन्होंने सीआर बहुतकनीकी कॉलेज की दीवार के साथ पड़े कचरे को तुरंत उठवाने के निर्देश दिये। इसके बाद उन्होंने एमडीयू के प्रवेश द्वार पर होने वाले जलभराव की निकासी के लिए डाली जा रही पाइप लाइन का निरीक्षण किया तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये।
उपायुक्त ने इसके बाद स्थानीय सोनीपत रोड पर सेक्टर 3 व 4 की पुलिया के नजदीक सीवर की सफाई का निरीक्षण कर निगम के अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे सडक़ के दोनों किनारे बनाये गए नालों की सफाई के कार्य को निर्धारित अवधि में पूर्ण करवाये। उन्होंने कहा कि शहर में साढ़े 16 करोड़ रुपये की लागत से एक परियोजना स्वीकृत करवाई गई है, जिसके तहत लगभग 45 किलोमीटर पेयजल पाइप लाइन डाली जायेगी। इसमें शहर में क्षतिग्रस्त पेयजल पाइप लाइन को बदलने तथा आवश्यकता अनुसार नई पाइप लाइन डालने का प्रावधान है।
उन्होंने कहा कि शहर में स्थित सबसे पुराने प्रथम जलघर के पुराने ढांचे के स्थान पर 27 करोड़ रुपये की लागत से नया ढांचा तैयार किया जायेगा तथा नया स्टोरेज टैंक का निर्माण भी करवाया जायेगा, जिससे इस जलघर की क्षमता में वृद्घि होगी तथा लगभग अढ़ाई दिन क्षमता का अधिक पानी भंडारण किया जा सकेगा। इसके अतिरिक्त स्थानीय सोनीपत सडक़ के साथ-साथ जलघर तक आने वाले खुले वाटर चैनल के स्थान पर 4500 मीटर लंबी 900 एमएम की नई पाइप लाइन बिछाई जायेगी।
स्थानीय छोटूराम चौक के नजदीक नालों की सफाई के निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने निगम के अधिकारियों को निर्धारित अवधि तक नाला की सफाई करवाने के निर्देश दिये। उन्होंने स्थानीय अप्पू घर के नजदीक नगर निगम द्वारा निर्मित नाले तथा अप्पू घर में जल निकासी के लिए किये गए प्रबंधों का जायजा लिया तथा जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। इसके बाद उन्होंने गोहाना रोड स्थित कृपाल आश्रम के पास नगर निगम के नाले का निरीक्षण किया। इस स्थल पर लगभग एक किलोमीटर लंबाई के नाले का निर्माण प्रस्तावित है। उन्होंने निर्देश दिये कि वे कार्य अलॉट किये गए ठेकेदार को चेतावनी दें कि वे शीघ्र नाले का निर्माण शुरू करवाये अन्यथा दोबारा टेंडर करवाया जायेगा। इस नाले के निर्माण पर लगभग 1.5 करोड़ रुपये की राशि खर्च होगी। उन्होंने कहा कि नालों में गोबर बहाने वालों के प्रतिदिन चालान किये जाए।
उपायुक्त ने नगर निगम के अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे सोनीपत रोड, दिल्ली रोड व शीला बाईपास पर क्षतिग्रस्त नालों की शीघ्र मरम्मत करवाये। जो नाले अभी तक कनेक्ट नहीं है, उन्हें जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ संवाद कर जल्दी कनेक्ट करवाये ताकि जल निकासी का कार्य सुचारू ढंग से हो सकें। इस दौरान नगर निगम की संयुक्त आयुक्त नमिता सिंह, जनस्वास्थ्य विभाग के अधीक्षक अभियंता शिवराज, कार्यकारी अभियंता संजीव, एचएसवीपी के कार्यकारी अभियंता जगमाल, नगर निगम के एमई सत्यव्रत सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

Girish Saini 

