मरीजों के साथ हमेशा सहानुभूति रखेः कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल

मरीजों के साथ हमेशा सहानुभूति रखेः कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल

रोहतक, गिरीश सैनी। पं. भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विवि में पीजी छात्रों के लिए एथिक्स सहित बायोएथिक्स विषय पर आयोजित तीसरे यूएचएस कोर्स का शुभारंभ कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल ने निदेशक डॉ. एस.के. सिंघल व डीन डॉ. अशोक चौहान के साथ दीप प्रज्वलित कर किया।

अपने संबोधन में कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल ने कहा कि मरीजों के दुख को समझते हुए हमें उनके प्रति हमेशा सहानुभूति रखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमें पहले एक अच्छा इंसान बनना चाहिए और चिकित्सक बाद में। उन्होंने

चिकित्सकों को हमेशा अच्छी वेशभूषा में और ड्यूटी पर गले में स्टेथोस्कोप रखने के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि ये हमारा कवच है। उन्होंने कहा कि इस प्रतिष्ठित संस्थान में प्रतिदिन लगभग 8 हजार लोग ओपीडी में दिखाने आते हैं।

निदेशक डॉ. एस.के. सिंघल ने कहा कि ये कोर्स न सिर्फ एनएमसी की जरूरत है, अपितु ये हमारे प्रोफेशन का भी हिस्सा है। इसके द्वारा हम नैतिकता के बारे में सीखते हैं और हमें पता चलता है कि अपने सीनियर, जूनियर व मरीजों के साथ कैसे बर्ताव करना चाहिए। उन्होंने कहा कि ये कोर्स सिखाता है कि हमें मरीजों के साथ बहुत ही विनम्रता के साथ पेश आना चाहिए।

डीन डॉ अशोक चौहान ने प्रतिभागियों को कहा कि आपको अपने मरीजों का खुद पर विश्वास बनाना होता हैं। कोर्स कोऑर्डिनेटर डॉ. आरती ने मंच संचालन किया। कोर्स में डॉ. सविता, डॉ. जितेंद्र जाखड़, डॉ. रितु हुड्डा, डॉ. कमल, डॉ बीना ने भी व्याख्यान दिए। इस दौरान काफी संख्या में पीजी छात्र मौजूद रहे।