एमडीयू के संबद्ध महाविद्यालयों के प्राचार्यों के प्रतिनिधिमंडल ने की कुलपति से भेंट

एमडीयू के संबद्ध महाविद्यालयों के प्राचार्यों के प्रतिनिधिमंडल ने की कुलपति से भेंट

रोहतक, गिरीश सैनी। एमडीयू की शैक्षणिक प्रगति में संबद्ध महाविद्यालयों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। विवि प्रशासन और महाविद्यालयों के बीच बेहतर समन्वयन से ही समग्र विकास का मार्ग प्रशस्त होगा। ये बात कुलपति प्रो. मिलाप पूनियाँ ने संबद्ध महाविद्यालयों के प्राचार्यों के प्रतिनिधिमंडल से बातचीत के दौरान कही। उन्होंने कहा कि विवि और महाविद्यालयों के बीच संवाद और सहयोग को और मजबूत करने की आवश्यकता है, ताकि शैक्षणिक गुणवत्ता में निरंतर सुधार सुनिश्चित किया जा सके।

कुलपति ने बताया कि भविष्य में संबद्ध महाविद्यालयों के साथ संयुक्त क्षमता संवर्धन कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनके माध्यम से शिक्षकों और प्रशासनिक स्टाफ की दक्षता बढ़ाने के साथ-साथ नई शैक्षणिक पहलों को भी प्रोत्साहन मिलेगा।

प्राचार्य प्रतिनिधिमंडल में डॉ. राजवंती शर्मा (वैश्य आर्य कन्या महाविद्यालय, बहादुरगढ़), डॉ. जयपाल शर्मा (गौड़ ब्राह्मण डिग्री कॉलेज, रोहतक), डॉ. रश्मि गुप्ता (वैश्य महिला महाविद्यालय, रोहतक) और डॉ. तरुणा मल्होत्रा (वैश्य कॉलेज ऑफ एजुकेशन, रोहतक) शामिल रहे। उन्होंने विवि प्रशासन को आश्वस्त किया कि वे शैक्षणिक कार्यक्रमों, परीक्षा प्रक्रिया और सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्यों में पूरा सहयोग देंगे।