उपायुक्त सचिन गुप्ता ने योग शिविरों में बीपी, शुगर व जोड़ों के दर्द की जांच करने के निर्देश दिए
रोहतक, गिरीश सैनी। उपायुक्त सचिन गुप्ता ने आयुष विभाग को निर्देश दिए हैं कि योग शिविरों में भाग लेने वाले नागरिकों को मौके पर ही ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर तथा जोड़ों से संबंधित रोगों की जांच की सुविधा उपलब्ध कराई जाए, ताकि सर्दी के मौसम में होने वाली स्वास्थ्य समस्याओं का समय रहते समाधान किया जा सके।
उपायुक्त सचिन गुप्ता ने आयुष विभाग की मासिक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि आयुष विभाग को स्वास्थ्य विभाग की नव-प्रारंभित स्वास्थ्य वाहिनी पहल के साथ समन्वय बनाकर स्वास्थ्य जांच व निवारक स्वास्थ्य सेवाएं आमजन तक पहुंचानी चाहिए। उन्होंने कहा कि योग एवं आयुष पद्धतियों के माध्यम से निवारक स्वास्थ्य देखभाल जन स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने नागरिकों से इन पहलों में सक्रिय भागीदारी की अपील की। बैठक में जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. सतपाल, मुख्यमंत्री के गुड गवर्नेंस एसोसिएट तनुमय दत्ता सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
उपायुक्त ने विशेष रूप से निर्देश दिए कि योग शिविरों में आने वाले वरिष्ठ नागरिकों पर विशेष ध्यान दिया जाए और उनके बीपी, शुगर व जोड़ों के दर्द की नियमित जांच की जाए। जांच के साथ-साथ आवश्यकतानुसार चिकित्सकीय परामर्श एवं दवाइयां भी उपलब्ध कराई जाएं। उन्होंने कहा कि आवश्यकता होने पर इन जांच सेवाओं के लिए नाममात्र शुल्क निर्धारित किया जा सकता है तथा विशेष आउटरीच अभियान के तहत रैंडम हेल्थ स्क्रीनिंग ड्राइव भी आयोजित की जाए। उन्होंने आयुष विभाग को औषधीय पौधों के रोपण को बढ़ावा देने के भी निर्देश दिए।
आयुष ओपीडी सेवाओं की समीक्षा करते हुए उपायुक्त ने कहा कि ओपीडी में आने वाले नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने बताया कि वर्तमान में जिला में 68 आयुष ओपीडी केंद्रों के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जा रही हैं।
उपायुक्त ने आयुष विभाग को योग के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने तथा इसे व्यायामशालाओं, आयुष आरोग्य मंदिरों, औषधालयों व विद्यालयों के माध्यम से प्रचारित करने के निर्देश दिए। आयुष योग प्रशिक्षकों को निर्देशित किया गया कि वे इन स्थानों पर विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का नियमित प्रदर्शन करें, ताकि अधिक से अधिक लोग जुड़ सकें और स्वास्थ्य लाभ प्राप्त कर सकें। उन्होंने विद्यालयों में योग प्रशिक्षण शुरू करने के लिए विभागीय योग प्रशिक्षकों के माध्यम से एक सुव्यवस्थित योजना तैयार करने के भी निर्देश दिए।
Girish Saini 

