एनाटॉमी विभाग में विद्यार्थियों के शोध के लिए मरणोपरांत शरीर दान किया
रोहतक, गिरीश सैनी। स्व हरीश रानी मग्गू के परिजनों ने उनके पार्थिव शरीर को पीजीआईएमएस, रोहतक के एनाटॉमी विभाग में विद्यार्थियों के शोध के लिए दान किया है। पं. भगवत दयाल शर्मा स्वास्थ्य विज्ञान विवि के कुलपति डॉ एच.के. अग्रवाल ने इसे मानवता के लिए एक प्रेरणादायक उदाहरण बताते हुए कहा कि इससे चिकित्सा विज्ञान को आगे बढ़ाने में अहम योगदान मिलेगा।
कुलपति डॉ. एच.के. अग्रवाल ने कहा कि अंगदान और शरीर दान जैसे कार्यों से ही हम दूसरों की जिंदगी में रोशनी ला सकते हैं। उन्होंने स्व. मग्गू के परिजनों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस नेक कार्य से छात्रों को शोध के लिए मदद मिलेगी। उन्होंने आमजन से अपील की कि सभी अंगदान और शरीर दान जैसे कार्यों में आगे आएं और मानवता की सेवा करें। कुलपति ने बताया कि अंगदान के इच्छुक व्यक्ति चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय स्थित स्टेट ऑर्गन एंड टिशु ट्रांसप्लांट आर्गेनाइजेशन के 17 नंबर के बारे में संपर्क कर सकते हैं।
देह दान के इंचार्ज डॉ कमल ने बताया कि कुलपति ने इस पुण्य कार्य के लिए स्व मग्गू के परिजनों को पौधा भेंट कर सम्मानित किया तथा दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की। परिजनों ने बताया कि स्व. मग्गू ने वर्ष 2020 में मृत्यु उपरांत उनके शरीर को पीजीआईएमएस, रोहतक में दान किए जाने की इच्छा व्यक्त की थी, ताकि चिकित्सा शिक्षा प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों को लाभ मिल सके। इस दौरान एनाटॉमी विभागाध्यक्षा डॉ सुरेश कांता राठी, डॉ संजय गुप्ता सहित अन्य मौजूद रहे।

Girish Saini 

