कचरा प्रबंधन में लापरवाही पर होगी कार्रवाईः डीसी सतबीर सिंह
रोहतक, गिरीश सैनी। उपायुक्त सतबीर सिंह ने अधिकारियों को ठोस कचरा प्रबंधन को लेकर सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों और नियमों की सख्ती से पालना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि अधिक मात्रा में ठोस कचरा पैदा करने वाले प्रतिष्ठानों और संस्थानों की पहचान 12 अक्टूबर तक पूरी कर नवंबर के प्रथम सप्ताह तक अनुपालना रिपोर्ट भेजी जाए।
लघु सचिवालय में आयोजित बैठक में उपायुक्त ने कहा कि चिन्हित प्रतिष्ठानों का संबंधित पोर्टल पर पंजीकरण कराया जाए। इसके लिए जिला स्तर पर विशेष सेल गठित किया जा रहा है, जिसके नोडल अधिकारी नगराधीश होंगे। उन्होंने शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में कचरे के पृथक्करण, भंडारण और उचित निस्तारण की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा।
अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि थोक कचरा उत्पादक संस्थानों में हरा, नीला, लाल और काला रंग के डस्टबिन अनिवार्य रूप से रखे जाएं। इनमें क्रमशः गीला, सूखा, सैनिटरी तथा विशेष देखभाल/खतरनाक कचरा अलग किया जाएगा।
अतिरिक्त उपायुक्त नरेंद्र कुमार ने बताया कि 20,000 वर्ग मीटर या अधिक निर्मित क्षेत्र, 40,000 लीटर प्रतिदिन या अधिक पानी की खपत अथवा 100 किलो प्रतिदिन या अधिक कचरा उत्पादन वाले संस्थान थोक कचरा उत्पादक माने जाएंगे। ऐसे संस्थानों को परिसर में ही कचरे का प्रसंस्करण और पोर्टल पर पंजीकरण कराना होगा।

Girish Saini

