Tag: Hindi Poetry

खुली आँख के सपने

खुली आँख के सपने

ललित बेरी की एक खूबसूरत कविता

सिलसिला 

सिलसिला 

(महिला दिवस पर डॉ रश्मि खुराना द्वारा `सिटी एयर न्यूज़' के लिए विशेष) 

दम तोड़ गए रिश्ते घर की दहलीज़ पर

दम तोड़ गए रिश्ते घर की दहलीज़ पर

मनोज धीमान द्वारा लिखित शायरी