पूर्व सीएम हुड्डा के नेतृत्व में मनरेगा में बदलाव के खिलाफ रोहतक में कांग्रेस का प्रदर्शन
बीजेपी सरकार ने दलित, पिछड़े, गरीब, ग्रामीणों और पंचायतों के अधिकारों पर किया कुठाराघातः भूपेंद्र सिंह हुड्डा
रोहतक, गिरीश सैनी। हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने रविवार को मनरेगा योजना में हुए बदलाव के खिलाफ रोहतक में डी पार्क स्थित बापू पार्क में कांग्रेस जनों के साथ धरना दिया। हुड्डा ने मनरेगा योजना में हुए बदलाव के खिलाफ प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि बीजेपी सरकार ने दलित, पिछड़े, गरीबों, ग्रामीणों और पंचायतों के अधिकारों पर कुठाराघात किया है। लेकिन कांग्रेस मनरेगा मजदूरों के साथ मजबूती से खड़ी है और पूरे देश में उनके रोजगार के अधिकार की रक्षा के लिए अभियान चला रही है।
पूर्व सीएम ने कहा कि बीजेपी सत्ता में आते मनरेगा को कमजोर करने में जुट गई थी। कांग्रेस द्वारा संसद में पूछे गए सवाल के जवाब से पता चला कि हरियाणा में 8 लाख से अधिक मनरेगा मजदूर पंजीकृत हैं, लेकिन 2024-25 में सरकार ने सिर्फ 2100 परिवारों को ही 100 दिन का काम दिया। इस जवाब से स्पष्ट है कि बीजेपी सरकार ने सभी मजदूरों को न तो काम दिया और न ही स्कीम में प्रावधान के तहत काम न मिलने पर कोई मुआवजा दिया। उन्होंने कहा कि हरियाणा में बीजेपी पहले ही इस योजना को खत्म कर चुकी थी। अब नाम बदलने के साथ-साथ इस योजना के अस्तित्व को ही मिटा दिया गया है। लेकिन कांग्रेस हर स्तर पर इसका विरोध करेगी और सरकार को यह जनविरोधी फैसला वापिस लेने के लिए मजबूर करेगी।
नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि कांग्रेस सरकार द्वारा चलाई गई मनरेगा योजना महात्मा गांधी के ग्राम स्वराज अभियान को आगे बढ़ाने वाली थी। इसमें मांग के आधार पर बजट दिया जाता था, यानी मनरेगा कानून में बजट की कोई सीमा नहीं थी। तमाम राज्यों और जिलों में जितने भी लोग काम मांगते थे, उन्हें काम देना होता था। यह केंद्र सरकार की जिम्मेदारी थी कि उन तमाम मजदूरों को भुगतान के लिए बजट जारी करे, लेकिन अब उस बजट से भी हाथ खींचते हुए केंद्र सरकार ने राज्यों पर 40 प्रतिशत का बोझ डाल दिया। प्रदर्शन के दौरान विधायक भारत भूषण बतरा, शकुंतला खटक व बलराम दांगी, पूर्व मंत्री सुभाष बतरा सहित पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे।

Girish Saini 

