ग्रामीण विकास को नई दिशा देगा डिजिटल नवाचारः डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान
एचआईआरडी में तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम संपन्न।
नीलोखेड़ी, गिरीश सैनी। वर्तमान समय में ग्राम पंचायतों के विकास कार्यों की गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने में जीआईएस आधारित तकनीक अत्यंत उपयोगी सिद्ध हो रही है। ये विचार हरियाणा ग्रामीण विकास संस्थान, नीलोखेड़ी के निदेशक डॉ. वीरेंद्र सिंह चौहान ने वीबी-जी रामजी कार्यक्रम के अंतर्गत युक्तधारा द्वारा ग्राम पंचायत की जीआईएस आधारित निगरानी विषय पर आयोजित तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम के समापन सत्र में प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए व्यक्त कए। समापन अवसर पर प्रतिभागियों को प्रशिक्षण प्रमाण-पत्र भी वितरित किए गए।
डॉ. चौहान ने कहा कि युक्तधारा जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म ग्रामीण विकास योजनाओं के वैज्ञानिक, पारदर्शी एवं प्रभावी क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। जीआईएस आधारित तकनीक के माध्यम से ग्राम पंचायतों के प्राकृतिक संसाधनों का सटीक मानचित्रण, विकास कार्यों की वास्तविक समय में निगरानी तथा योजनाओं का बेहतर नियोजन संभव हो रहा है। इससे योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बढ़ती है, संसाधनों का समुचित उपयोग सुनिश्चित होता है तथा विकास कार्यों की गुणवत्ता में भी उल्लेखनीय सुधार आता है।
निदेशक डॉ. चौहान ने कहा कि प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त ज्ञान, तकनीकी कौशल एवं व्यावहारिक अनुभव का उपयोग प्रतिभागी अपने-अपने कार्यक्षेत्र में प्रभावी ढंग से करेंगे। इससे ग्राम पंचायतों की विकास योजनाओं के निर्माण, क्रियान्वयन एवं मूल्यांकन की प्रक्रिया और अधिक सुदृढ़ होगी तथा ग्रामीण विकास को नई दिशा और गति मिलेगी। साथ ही डिजिटल तकनीकों के बढ़ते उपयोग से ग्रामीण क्षेत्रों में सुशासन को भी मजबूती मिलेगी।
राष्ट्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज संस्थान, हैदराबाद से एच. के. सोलंकी ने प्रतिभागियों को युक्तधारा पोर्टल की कार्यप्रणाली, जीआईएस आधारित मानचित्रण, प्राकृतिक संसाधनों के वैज्ञानिक नियोजन तथा ग्राम पंचायतों में डिजिटल तकनीकों के प्रभावी उपयोग के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की। उन्होंने कहा कि तकनीक आधारित योजना निर्माण से विकास कार्य अधिक वैज्ञानिक, सटीक, पारदर्शी एवं जनहितकारी बनते हैं।
कार्यक्रम समन्वयक कमलदीप सांगवान ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को जीआईएस आधारित निगरानी, युक्तधारा पोर्टल के विभिन्न मॉड्यूल, ग्राम पंचायत विकास योजनाओं में तकनीकी समावेशन तथा व्यावहारिक अभ्यास के माध्यम से प्रशिक्षित किया गया। समापन अवसर पर एचआईआरडी से संदीप कुमार व डॉ. सुशील मेहता, जूनियर इंजीनियर मनजीत, तरुण कुमार, अतिरिक्त खंड कार्यक्रम अधिकारी हिम्मत सिंह, संदीप कुमार सहित अन्य अधिकारी एवं प्रतिभागी मौजूद रहे।
Girish Saini 


